

#“मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर एक बड़ा फैसला…
#मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज अपने फेसबुक पोस्ट में लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की मीटिंग की जानकारी साझा करते हुए कहा कि विभागीय डॉक्टरों की भर्ती को अतिशीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
सीएम ने बीते दो वर्षों की प्रमुख उपलब्धियों और आने वाले तीन वर्षों की कार्ययोजना को भी सार्वजनिक किया।
🟦 पिछले दो वर्षों की प्रमुख उपलब्धियां (Health Sector MP)
शासकीय मेडिकल कॉलेज 14 से बढ़कर 19, निजी मेडिकल कॉलेज 12 से बढ़कर 14 हुए।
PMShri Air Ambulance सेवा का शुभारंभ — 109 गंभीर मरीज एयरलिफ्ट किए गए।
3 नए जिला चिकित्सालय स्वीकृत — मैहर, मऊगंज और पांढुर्णा।
केंद्र सरकार के ESIC मेडिकल कॉलेज इंदौर में 50 सीटों का संचालन शुरू।
38 देहदानकर्ताओं को गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया गया।
354 सीनियर रेज़िडेंट पदों का सृजन।
मेडिकल कॉलेज भोपाल में 4 नए विभागों की स्थापना।
5 जिला चिकित्सालयों का उन्नयन, 800 नए बिस्तर और 810 पदों की स्वीकृति।
सिकल सेल उन्मूलन — मध्यप्रदेश देश में प्रथम
कुल स्क्रीनिंग: 1,25,38,125
जेनेटिक काउंसलिंग व कार्ड वितरण: 1,05,60,039
जिला स्तर पर एकीकृत उपचार केन्द्रों की स्थापना।
2 सेंटर ऑफ कॉम्पीटेन्स — भोपाल व इंदौर
प्री-नेटल जांच हेतु सेंटर ऑफ एक्सीलेंस — मेडिकल कॉलेज रीवा
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आगे के 3 वर्षों की कार्ययोजना (2025–2028)
CM-CARE योजना का सफल क्रियान्वयन।
वर्ष 2028 तक 6 नए सरकारी मेडिकल कॉलेज शुरू होंगे।
PPP मोड पर 13 मेडिकल कॉलेजों का संचालन।
MBBS की 2000 नई सीटें जोड़ी जाएंगी।
MD/MS की 500 नई सीटें बढ़ाई जाएंगी।
500 आयुष्मान आरोग्य मंदिर क्रियाशील किए जाएंगे।
सभी संभागीय मुख्यालयों पर MRI सेवाओं की उपलब्धता।
अधिक से अधिक नागरिकों को आयुष्मान योजना का लाभ।
PHC/CHC के संचालन
के लिए निजी चिकित्सकों को भी जोड़ा जाएगा, मानदेय बढ़ाकर।